CGPSC की तैयारी शुरू करने वालों का सबसे बड़ा सवाल होता है: कहाँ से शुरू करें और किस विषय को कितना समय दें? इस CGPSC Prelims strategy में 90 दिन का चरणबद्ध प्लान है, जो बेस बनाने से लेकर मॉक टेस्ट तक ले जाता है।
पहले परीक्षा पैटर्न समझें
| पेपर | विषय | प्रश्न | अंक | समय |
|---|---|---|---|---|
| Paper 1 | सामान्य अध्ययन (GS) | 100 | 200 | 2 घंटे |
| Paper 2 | अभिरुचि परीक्षा (CSAT) | 100 | 200 | 2 घंटे |
- हर प्रश्न 2 अंक का है और गलत उत्तर पर 1/3 अंक (लगभग 0.67) कटते हैं।
- Paper 2 (CSAT) क्वालिफाइंग है, और सामान्य वर्ग के लिए आमतौर पर इसमें 33% अंक चाहिए।
- Prelims के अंक अंतिम मेरिट में नहीं जुड़ते। यह छँटाई का चरण है, इसलिए लक्ष्य कट-ऑफ से आगे निकलना है।
ध्यान दें: यह पैटर्न पिछली परीक्षाओं और सार्वजनिक स्रोतों के आधार पर है। SSE 2026 की अधिसूचना आने पर अंक, समय और नियम psc.cg.gov.in से अवश्य मिलाएँ।
90 दिन का प्लान (3 चरण)
| चरण | दिन | लक्ष्य | क्या करें |
|---|---|---|---|
| 1 | 1–30 | बेस बनाना | सिलेबस समझें, NCERT/SCERT की बेसिक किताबें पढ़ें, छत्तीसगढ़ के विषय शुरू करें, रोज़ अखबार पढ़ें |
| 2 | 31–60 | पूरा सिलेबस + PYQ | हर टॉपिक के बाद उसके पिछले वर्षों के प्रश्न हल करें, छोटे नोट्स बनाएँ, CSAT रोज़ करें |
| 3 | 61–90 | रिवीजन + मॉक | हर हफ्ते 2 फुल मॉक, गलतियों की नोटबुक, नया कुछ कम और रिवीजन ज़्यादा |
चरण 1 (दिन 1–30): बेस
पहले दिन सिलेबस का प्रिंट निकालकर हर टॉपिक पर अपनी स्थिति (मज़बूत / ठीक / कमज़ोर) लिखें। फिर कमज़ोर टॉपिक्स से शुरू करें। हर हफ्ते का एक दिन MCQ अभ्यास के लिए रखें, जैसे हमारा CGPSC Prelims MCQ Set 1।
चरण 2 (दिन 31–60): पूरा सिलेबस + PYQ
हर विषय का पहला कवरेज पूरा करें। हर टॉपिक पढ़ने के तुरंत बाद उससे जुड़े पिछले वर्षों के प्रश्न हल करें। पिछले वर्षों के पेपर यहाँ मिलेंगे: CGPSC Old Question Papers।
चरण 3 (दिन 61–90): रिवीजन और मॉक
हफ्ते में 2 फुल-लेंथ मॉक (पेपर 1 और पेपर 2) पूरे 2 घंटे में हल करें। हर मॉक के बाद गलत प्रश्नों का कारण (नहीं पता था / भ्रम / जल्दबाज़ी) लिखें। अंत के 2 हफ्ते सिर्फ रिवीजन के लिए रखें।
रोज़ का रूटीन (सुझाव)
| समय | फुल-टाइम (6–7 घंटे) | जॉब के साथ (3–4 घंटे) |
|---|---|---|
| सुबह | कठिन विषय (इतिहास / राजव्यवस्था) 2–3 घंटे | कठिन विषय 1.5 घंटे |
| दोपहर | छत्तीसगढ़ + नोट्स 1.5 घंटे | छत्तीसगढ़ + नोट्स 1 घंटा |
| शाम | समसामयिकी 1 घंटा + CSAT 1 घंटा | समसामयिकी 30 मिनट + CSAT 30 मिनट |
| रात | आज का रिवीजन 30 मिनट | आज का रिवीजन 30 मिनट |
विषयवार समय का बँटवारा (शुरुआती सुझाव)
| विषय | समय |
|---|---|
| छत्तीसगढ़ (इतिहास, भूगोल, GK, समसामयिकी) | 25% |
| भारत का इतिहास | 15% |
| राजव्यवस्था | 15% |
| CSAT | 15% |
| भूगोल | 10% |
| अर्थव्यवस्था | 10% |
| विज्ञान | 10% |
यह सिर्फ शुरुआती सुझाव है। पिछले वर्षों के प्रश्न देखकर और अपनी कमज़ोरी के हिसाब से इसे बदलें।
नेगेटिव मार्किंग की रणनीति
हर सही उत्तर पर 2 अंक मिलते हैं और हर गलत उत्तर पर लगभग 0.67 अंक कटते हैं। चार विकल्पों में पूरा अंधा अंदाज़ा लगाने पर अपेक्षित लाभ लगभग शून्य है (0.25 × 2 = 0.5 और 0.75 × 0.67 ≈ 0.5)। इसलिए अंदाज़ा तभी लगाएँ जब कम से कम एक विकल्प पक्के तौर पर हटा सकें। मॉक में यही आदत बनाएँ।
CSAT को हल्के में न लें
CSAT क्वालिफाइंग है, पर इसमें असफल होने पर आप GS में अच्छा स्कोर करके भी आगे नहीं बढ़ सकते। रोज़ 45–60 मिनट दें, पिछले वर्षों के CSAT प्रश्नों को अलग-अलग भागों (गणित, तर्क, गद्यांश) में बाँटकर हल करें, और समय-सीमा के साथ अभ्यास करें।
मॉक टेस्ट का विश्लेषण कैसे करें
- मॉक के तुरंत बाद स्कोर, सही, गलत और छोड़े गए प्रश्न लिखें।
- गलत प्रश्नों का विषय और कारण नोटबुक में लिखें।
- एक हफ्ते बाद उसी नोटबुक से दोबारा अभ्यास करें।
आम गलतियाँ
- बहुत सारी किताबें और स्रोत इकट्ठा करना
- केवल पढ़ना और MCQ/PYQ हल न करना
- छत्तीसगढ़ के विषयों को अंत में रखना
- नोट्स बनाकर रिवीजन न करना
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या 90 दिन में Prelims की तैयारी हो सकती है? अगर सिलेबस का कुछ बेस पहले से है, तो 90 दिन कवरेज, PYQ और रिवीजन के लिए काफ़ी हो सकते हैं। पूरी तरह नए विद्यार्थियों को आमतौर पर इससे ज़्यादा समय चाहिए। इसलिए प्लान को अपनी स्थिति के हिसाब से बढ़ा लें।
किताबें कौन सी पढ़ें? सीमित मानक स्रोत चुनें और उन्हीं को बार-बार पढ़ें। सूची यहाँ है: Books/Sources।
मुफ़्त सामग्री कहाँ मिलेगी? Free Downloads पेज पर नोट्स और PDF उपलब्ध हैं।
अभी शुरू करें
सबसे पहला कदम: पिछले वर्ष का पेपर एक बार 2 घंटे में हल करके अपना स्तर जाँचें: CGPSC Old Question Papers डाउनलोड करें



